Jaundice se pareshan-जाने पीलिया के कारण ,लक्षण इससे बचने के उपाय

Jaundice se pareshan-Jaundice पीलिया बच्चो मे पीलिया का इलाज करने के
लिय फोटोथेरेपी की जाती है बड़ो मे jaundice का इलाज करने के लिय बीमारी का
कारण जानकार इसका इलाज किया जाता है इसका समय पर इलाज नही करवाने से
मस्तिसक की बीमारिया भी उत्पन होने लग जाती है Jaundice लीवर से समन्धित
बीमारी है इस बीमारी से ग्रसित होने पर शरीर की त्वचा ,नाखून ,आंखो की श्लेषमा
झिल्ली पीली पड़ जाती है व इसके साथ साथ मूत्र भी पीला आने लग जाता है !

jaundice होने का कारण –

Jaundice मे शरीर पीला पड़ जाता है ऐसा इसलिय होता है की हमारे शरीर मे बिलरूबिन की
मात्रा बढ़ जाती है हमारे शरीर मे लीवर दो प्रकार के पित वर्णको का निर्माण करता है इसमे
एक बिलरूबिन जो पीले रंग का वर्णक है ओर दूसरा विलिवर्डीन जो हरे रंग का वर्णक है ये
वर्णक शरीर मे पाचन के लिय आवश्यक होते है हमारा शरीर इनको अपशिष्ट के रूप मे मूत्र
आदि के साथ बाहर निकलता रहता है

अगर किसी कारण वश इनकी मात्रा आवश्यकता से अधिक हो जाए या शरीर इनको बाहर
निकालने मे विफल हो जाए तो बिलरूबिन जो पीले रंग का वर्णक है उसकी मात्रा बढ़ जाती है
ओर हमारा शरीर पीला पड़ जाता है इसके साथ आंखो की श्लेषमा झिलिया ,नाखून आदि
पीले पड़ जाते है मूत्र भी पीला आने लग जाता है

Jaundice वेसे तीन प्रकार से प्रकट होता है 1 हेमोलाइटिक -इसमे RBC की मात्रा कम हो
जाती है जिस कारण शरीर मे एनीमिया (खून की कमी ) जेसी समस्या प्रकट हो जाती है 2
ओब्स्ट्रेक्टिव jaundice – इस प्रकार के पीलिया मे बिलरूबिन नामक वर्णक आंत के एक
भाग dudenam मे पहुचने मे परेशानी आ जाती है 3 इस प्रकार के jaundice जहरीली
दवा के सेवन या इम्फ़ेक्सन से कोशिकाए नष्ट होने लग जाती है !

Jaundice के लक्षण

त्वचा का पीला होना ,आंखो का पीला होना ,मूत्र का पीला आना ,अत्यधिक थकान का आना
,बुखार का आना ,सिर मे दर्द का होना ,कब्ज गैस आफरा जैसी शिकायता का होना ,भूख का
न लगना कभी कभी उल्टिया का भी होना ,नाखूनो का भी पीला पड़ जाना आदि प्रकार की
समस्या होती रहती है इसलिय RBC के टूटने से पूरा शरीर ही पीला पड़ जाता है !

Liver Diseases caused by Hepatitis-हेपेटाइटिस के कारण व लक्षण

Jaundice से बचने के उपाय –

jaundice पीलिया जैसी बीमारी से ग्रसित होने पर नजदीकी चिकित्सालय जाकर अपना
इलाज करवाए ,इससे ग्रसित होने से बचने के लिय निम्न उपाय है !

बकरी का दूध -बकरी के दूध मे एंटीबोडीज पाई जाती है जो पीलिया को ठीक करने मे
मददगार शाबित होती है वैसे भी बकरी का दूध गाय व भेस की तुलना मे पचने मे आसान
होता है इसके साथ साथ TB जैसी भयंकर बीमारी से लड़ने के लिय भी बकरी का दूध कारगर
शाबित होता है !

गन्ने का रस –

गन्ने का रस लीवर को मजबूत बनाता है ओर इसके सुचारु रूप से कार्य करने के लिय शक्ति
प्रदान करता है इसके अलावा सेब का सेवन भी स्वास्थ्य को लाभ प्रदान करता है ओर आवले
का सेवन भी लाभदायक होता है क्यो की आवले मे विटामिन -सी के साथ साथ आवश्यक
पोषक तत्व भी पाये जाते है जो पीलिया जैसी भयकर से लड़ने मे लाभदायक होते है !

इसके अलावा हरी पत्तेदार सब्जीया भी इसमे बहुत उपयोगी होती है क्यो की इसमे रेसे
की मात्रा होती है जो आंतों की सफाई करती है ओर शरीर से पचे हुये भोजन को शरीर से
बाहर निकालने का काम करती है इसके अलावा अदरक व लहसुन का सेवन भी
उपयोगी होता है क्यो की इसमे कई एंटीओक्सीडेंट गुण पाये जाते है !

Muh ki badbu ko dur karna-इसके कारण व घरेलू उपाय

2 thoughts on “Jaundice se pareshan-जाने पीलिया के कारण ,लक्षण इससे बचने के उपाय”

Leave a Comment